राजनीति

मोदी 2019 में मुसलमानों के लिए पसंदीदा प्रधान मंत्री उम्मीदवार है क्योंकि भाजपा उन्हें वोट बैंक के रूप में नहीं देखती: शाहनवाज हुसैन

596 Shares

विपक्षी दल जो खुद को एक भव्य गठबंधन के रूप में दिखाते है उन्होंने प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी को मुसलमानों के विरुद्ध होने के रूप में पेश करने के लिए कड़ी मेहनत की, हालांकि प्रधान मंत्री मोदी की हमेशा यही सोच रही है कि वह धर्म के नाम पर भेदभाव नहीं करते हैं और उन्होंने केवल ऐसा कहा या सोचा ही नहीं बल्कि ऐसा करके दिखाया है|

आज तक, कुछ कट्टरपंथियों और राजनीतिक नेताओं के अलावा, मुस्लिम समुदाय ने प्रधान मंत्री मोदी पर हमेशा अपना विश्वास व्यक्त किया है और यह उन लोगों के मुहूँ पर एक करारा तमाचा है जिन्होंने धर्म के नाम पर प्रधान मंत्री मोदी की छवि को खराब करने की कोशिश की है|

यहाँ तक की अब मुस्लिम समुदाय के एक शीर्ष नेता ने कहा है कि “2019 के चुनावों में मुस्लिमों के लिए पसंदीदा प्रधान मंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी हैं, क्योंकि वह देश के सभी 132 करोड़ लोगों को भारतीयों के रूप में देखते हैं। अन्य पार्टियों ने उन्हें वोट बैंक के रूप में देखा है “।

हां, यह बयान शाहनवाज हुसैन ने दिया है, जो भाजपा से संबंधित हैं। उन्होंने कहा, “2014 में कुछ लोग नरेंद्र मोदी के नाम का उपयोग करके दूसरों को डराते थे। आज, मुस्लिम समुदाय के बड़ी संख्या में लोग यह महसूस करते हैं कि वह ही एक ऐसा व्यक्ति है जो दिन और रात काम करता है। नरेंद्र मोदी सभी 132 करोड़ भारतीयों से समान व्यवहार करते हैं। अन्य पार्टियां आगे मोदी और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का “भय” फैलाकर मुसलमानों से वोट लेती थीं प्रधान मंत्री मोदी ने सत्ता में आने के बाद उस डर को बाहर निकाला है। अब वे देख रहे हैं और जान चुके हैं कि मोदी सत्ता में हैं लेकिन कोई समस्या नहीं है “।

“मुसलमानों के खिलाफ प्रधान मंत्री मोदी ने एक भी बयान नहीं दिया है। हमारी पार्टी में, कुछ नेता बेशक ऐसे बयान दे रहे हैं, लेकिन मुसलमानों को भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए बयानों पर पूरा विश्वास है। हमारे पार्टी अध्यक्ष और हमारे प्रधान मंत्री ने कभी भी कोई ऐसा बयान नहीं दिया है जो मुस्लिमों को चोट पहुंचाएगा”शाहनवाज हुसैन ने कहा।

इलाहाबाद का नाम प्रयागराज में बदलना गलत निर्णय नहीं है| उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार द्वारा नाम बदलने के फैसले पर बोलते हुए उन्होंने कहा, “पहले का नाम प्रयागराज था जिसे बदला गया था। उस गलती को सही करने के लिए अब नाम बदला गया, क्या यह गलत है? “इससे पहले, बैंगलोर का नाम बेंगलुरू में बदल दिया गया था, मद्रास बदलकर चेन्नई में बदल दिया गया था। तो, इतिहास इस में कैसे आता है “। हां, यह कांग्रेस और विपक्षी दलों के पाखंड और हिंदू समुदाय की ओर नफरत को दर्शाता है|

दावा करते हुए कि बीजेपी मध्यप्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ में विजयी हो जाएगी, उन्होंने कहा, “मिजोरम में, सरकार हमारे समर्थन के बिना नहीं बन पाएगी और तेलंगाना में भी हम एक बड़ी पार्टी के रूप में उभरेंगे”। उन्होंने ये भी कहा “जब मोदी चुनावी क्षेत्र में प्रवेश करते हैं, तो लोग उनका साथ देते हैं”।

इस बयान से ये साफ़ है कि समाज के सभी वर्ग भारत के प्रधान मंत्री श्री नरेंद्र मोदी के साथ हैं।

596 Shares
Tags

Related Articles

FOR DAILY ALERTS
 
FOR DAILY ALERTS
 
Close